Sun, 12 Jul 2026
Logo

ब्रेकिंग

बंद कमरे में चल रहा था जिस्मफरोशी का धंधा: पुलिस ने दबिश देकर 5 पुरुष और 2 महिलाओं को पकड़ा....

‘और गहरी हो गई हैं दरारें’, कई कोच जल्द ही गौतम गंभीर के स्टाफ को छोड़ सकते हैं!

Shekhar Suman के सहयोगी Dharmesh Sangani के ठिकानों पर ईडी का छापा, सबूत मिटाने 13वीं मंजिल से फेंका फोन …

गांवों में अफसर तैयार करेगी योगी सरकार की डिजिटल लाइब्रेरी, 32 जिलों की 11,350 पंचायतों में होगी सुविधा

महतारी वंदन योजना: 626.25 करोड़ की 29वीं किस्त जारी, CM साय ने कहा- आर्थिक स्वावलंबन की नई पहचान बन रही है योजना

मैनपाट में बाइकर्स गैंग पर पुलिस का एक्शन: 60 बाइक चालकों को पकड़ा, स्टंट करते वीडियो हुआ था वायरल

चलती ट्रेन में चढ़ते समय फिसला पैर, RPF जवान ने बचाई यात्री की जान

‘मंदिर नहीं, बनिया की दुकान…’ महंत धर्मदास बोले- चंपत कंपनी की नीयत ठीक नहीं, गोविंदगिरी पर भी तंज

11 July History: मुंबई ट्रेन ब्लास्ट से लेकर सिरिशा बांदला की अंतरिक्ष उड़ान तक, जानिए प्रमुख घटनाएं

भारत-न्यूजीलैंड में हुए 18 समझौते, 2030 तक आपसी व्यापार दोगुना करने का टारगेट

सूचना

उत्तर प्रदेश :- न्यूज : सड़क पर नमाज को योगी सरकार की ना, भड़की इकरा हसन बोलीं- काठ की हांडी बार-बार नहीं चढ़ती

Abhyuday Bharat News / Thu, May 21, 2026 / Post views : 148

Share:

सड़क पर नमाज पढ़े जाने के मामले में इकरा हसन का बड़ा बयान सामने आया है। उन्होंने कहा है कि केवल ईद वाले दिन ही लोग बाहर निकल कर नमाज पढ़ते हैं।

सहारनपुर: उत्तर प्रदेश के कैराना लोकसभा सीट से समाजवादी पार्टी सांसद इकरा हसन ने योगी आदित्यनाथ सरकार के सड़क पर नमाज न पढ़े जाने के आदेश पर बड़ा हमला बोला है। दरअसल, सीएम योगी आदित्यनाथ ने सड़क या सार्वजनिक स्थानों पर नमाज न पढ़ने वाला बयान दिया। उन्होंने कहा कि अगर भीड़ ज्यादा हो तो दो शिफ्ट में नमाज पढ़ें। अगर सड़क पर नमाज पढ़ेंगे तो फिर एक्शन होगा। सीएम योगी के बयान के बाद जिलों के स्तर से इस संबंध में थानों को आदेश जारी किए जा रहे हैं। इस पर कैराना सांसद चौधरी इकरा हसन का बड़ा बयान सामने आया है। उन्होंने साफ तौर पर कहा है कि वैसे भी लोग सड़क पर नमाज नहीं पढ़ते हैं। ईद वाले दिन ही इस प्रकार की स्थिति दिखती है। इस प्रकार सपा सांसद ने सड़क पर नमाज पढ़े जाने के पक्ष में खड़ी दिख रही हैं।

इकरा हसन ने क्या कहा?

कैराना सांसद इकरा हसन ने मीडिया से बातचीत के क्रम में कहा कि वैसे भी कोई सड़क पर नमाज नहीं पढ़ता है। एक दिन, ईद वाले दिन लोग पढ़ लेते हैं। जिस तरीके से तानाशाही हम देख रहे हैं, तो वैसे भी कोई नहीं पढ़ता है। इकरा ने कहा कि इन सब बातों से समाज में जहर फैलाना चाहते हैं, वह अब नहीं होगा। उन्होंने कहा कि काठ की हांडी बार-बार नहीं चढ़ती।

पहले बोला था हमला

समाजवादी पार्टी की तेजतर्रार सांसद इकरा हसन ने इससे पहले सीएम योगी के बयान पर बड़ा हमला बोला। इकरा हसन ने सीधे तौर पर सवाल उठाया कि जब देश की सड़कों पर दूसरे समुदायों के त्योहार बिना किसी रोक-टोक के मनाए जाते हैं। उन पर कोई आपत्ति नहीं है तो महज दो मिनट के लिए पढ़ी जाने वाली नमाज से किसी को क्या आपत्ति हो सकती है? सड़क पर होने वाली नमाज को भी इसी रूप में देखे जाने की बात कही।

सीएम योगी के बयान पर हमलावर रुख अपनाते हुए इकरा हसन ने कहा कि सरकार की नीति एकतरफा और भेदभावपूर्ण है। उन्होंने कहा कि भारत का संविधान देश के प्रत्येक नागरिक को समान धार्मिक स्वतंत्रता का अधिकार देता है। संविधान के तहत किसी भी चुनी हुई सरकार को यह अधिकार नहीं है कि वह किसी विशेष समुदाय को इस तरह से टार्गेट करे। उन्होंने आगे कहा कि देश की सड़कें किसी एक वर्ग की नहीं, बल्कि पूरे समाज की सांझी संपत्ति हैं।

सीएम योगी ने क्या कहा था?

सीएम योगी आदित्यनाथ ने सड़क पर नमाज पढ़े जाने के मामले में बड़ा बयान दिया है। लखनऊ के एक कार्यक्रम में सीएम योगी ने दो-टूक लहजे में कहा था कि सड़कें आम जनता और वाहनों के आने-जाने के लिए बनाई गई हैं, न कि धार्मिक आयोजनों के लिए। नमाज पढ़नी है तो तय स्थानों पर ही पढ़ी जाएंगी। अगर संख्या अधिक है तो शिफ्ट में नमाज पढ़ें, लेकिन किसी भी कीमत पर सड़क पर नहीं नमाज नहीं होंगी। अगर इस प्रकार का मामला आता है तो फिर कार्रवाई होगी।

Tags :

#uttarpradesh

विज्ञापन

Advertisement
Advertisement

विज्ञापन

Advertisement

जरूरी खबरें

विज्ञापन

Advertisement
Advertisement

विज्ञापन

Advertisement

विज्ञापन

Advertisement

विज्ञापन

Advertisement

विज्ञापन

Advertisement

Related Posts