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बिहार :- पटना न्यूज : 700 गाड़ियों का काफिला, लौंडा डांस और डीजे, बिहार में दादी की शवयात्रा को पोते ने बना दिया यादगार

Abhyuday Bharat News / Mon, Apr 27, 2026 / Post views : 128

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बिहार में एक पोते ने अपनी दादी की शवयात्रा को ऐसा यादगार बनाया कि अब उसके चर्चे होने लगे हैं। शवयात्रा में गाड़ियों का काफिला निकला, डीजे बजा और लौंडा नाच भी हुआ। पढ़िए ये खबर।

पटना/भोजपुर: बिहार में एक पोते ने अपनी दादी की शवयात्रा को ही यादगार बना दिया। वो भी कोई ऐसा-वैसा नहीं। दादी की शवयात्रा के चर्चे अब पूरे बिहार में हो रहे हैं। ये सबकुछ बिहार में भोजपुर के शाहपुर प्रखंड में शुक्रवार को हुआ। यहां 95 साल की बुजुर्ग महिला का निधन हो गया। लेकिन इसके बाद उनके पोते ने धूमधाम से अपनी दादी की शवयात्रा निकाल कर उन्हें विदा किया।


दादी की शवयात्रा में 700 गाड़ियां, ड्रोन कैमरा, लौंडा नाच

दादी की शवयात्रा के लिए भोजपुर के शाहपुर में पोते ने 24 घंटे में 700 से ज्यादा गाड़ियां बुलवा लीं। इस शवयात्रा में 100-200 नहीं बल्कि 3500 से ज्यादा लोग शामिल हुए। वहीं ड्रोन कैमरे से इस शवयात्रा की हर एंगल से कवरेज भी कराई गई। यही नहीं, और जानिए... इस शवयात्रा में लौंडा नाच भी हुआ। बैंड, बाजा और शवयात्रा देखने के लिए लोग छतों तक पर आ खड़े हुए। किसी को पता ही नहीं चल रहा था कि बारात जा रही है या शवयात्रा।

भीड़ इतनी कि लोग भी हैरान

एक शवयात्रा में इतनी भारी भीड़, लौंडा डांस, गाजा-बाजा और 700 से ज्यादा गाड़ियां देख लोग भी हैरान रह गए। ऊपर से ड्रोन की कवरेज ने लोगों को और भी चकित कर दिया। इलाके में जुबां पर एक ही चर्चा कि पोते हों तो ऐसे। बड़े पोते रमेश पांडेय के मुताबिक उन्होंने दादी के रूप में घर की एक विरासत खो दी, लेकिन उनकी विदाई को वो यादगार बनाना चाहते थे।

हम सब चाहते थे कि अपनी इया जी (दादी मां) को ऐसी विदाई दें जो यादगार बन जाए। क्योंकि अब दादी हमसे कुछ कहने या मांगने नहीं आएंगी।

रमेश पांडेय, कौशल्या देवी के बड़े पोते

कैंसर से हुई थी मौत

जिन महिला की शवयात्रा इतनी धूमधाम से निकली, उनका नाम कौशल्या देवी था। उन्हें पिछले 3 साल से कैंसर था। उनके पति डॉक्टर जनार्दन पांडेय थे, जिनकी 7 साल पहले ही मौत हो गई थी। इनके दो बेटे हैं जिसमें बड़े बेटे वृंदावन पांडेय और छोटे बेटे नारद पांडेय हैं। वृंदावन पांडेय पेशे से वकील हैं। वहीं कौशल्या देवी के 6 पोते हैं। अजय, अमर और गणेश धनबाद में कोयले का कोराबार करते हैं। वहीं एक पोता मंटू पांडेय कोल्ड ड्रिंक का व्यवसायी है। पोतों ने इसके बाददादी की शवयात्राके लिए ऐसा इंतजाम किया कि लोग देखते रह गए।

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