Sun, 12 Jul 2026
Logo

ब्रेकिंग

बंद कमरे में चल रहा था जिस्मफरोशी का धंधा: पुलिस ने दबिश देकर 5 पुरुष और 2 महिलाओं को पकड़ा....

‘और गहरी हो गई हैं दरारें’, कई कोच जल्द ही गौतम गंभीर के स्टाफ को छोड़ सकते हैं!

Shekhar Suman के सहयोगी Dharmesh Sangani के ठिकानों पर ईडी का छापा, सबूत मिटाने 13वीं मंजिल से फेंका फोन …

गांवों में अफसर तैयार करेगी योगी सरकार की डिजिटल लाइब्रेरी, 32 जिलों की 11,350 पंचायतों में होगी सुविधा

महतारी वंदन योजना: 626.25 करोड़ की 29वीं किस्त जारी, CM साय ने कहा- आर्थिक स्वावलंबन की नई पहचान बन रही है योजना

मैनपाट में बाइकर्स गैंग पर पुलिस का एक्शन: 60 बाइक चालकों को पकड़ा, स्टंट करते वीडियो हुआ था वायरल

चलती ट्रेन में चढ़ते समय फिसला पैर, RPF जवान ने बचाई यात्री की जान

‘मंदिर नहीं, बनिया की दुकान…’ महंत धर्मदास बोले- चंपत कंपनी की नीयत ठीक नहीं, गोविंदगिरी पर भी तंज

11 July History: मुंबई ट्रेन ब्लास्ट से लेकर सिरिशा बांदला की अंतरिक्ष उड़ान तक, जानिए प्रमुख घटनाएं

भारत-न्यूजीलैंड में हुए 18 समझौते, 2030 तक आपसी व्यापार दोगुना करने का टारगेट

सूचना

उत्तराखंड न्यूज़ : डॉक्टर्स डे पर सीएम धामी का बड़ा ऐलान, डॉक्टरों की सुरक्षा और स्वास्थ्य सेवाओं के विस्तार पर दिया जोर

Abhyuday Bharat News / Thu, Jul 2, 2026 / Post views : 14

Share:

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने इंडियन मेडिकल एसोसिएशन, देहरादून शाखा द्वारा चकराता रोड देहरादून स्थित स्थानीय होटल में नेशनल डॉक्टर्स डे के अवसर पर आयोजित कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में प्रतिभाग किया। इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने प्रदेश के चिकित्सकों, स्वास्थ्य कर्मियों और चिकित्सा क्षेत्र से जुड़े सभी लोगों को डॉक्टर्स डे की शुभकामनाएं दीं और उत्कृष्ट चिकित्सकों को सम्मानित किया। उन्होंने भारत रत्न डॉ. बिधान चंद्र रॉय की जयंती और पुण्यतिथि पर उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए कहा कि उनका जीवन चिकित्सा सेवा, मानव कल्याण और राष्ट्र निर्माण के प्रति समर्पण की प्रेरणा देता है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि भारतीय संस्कृति में चिकित्सकों को विशेष सम्मान दिया गया है। चिकित्सक अपनी सेवा, संवेदना और समर्पण से मानवता की सबसे बड़ी सेवा करते हैं। उन्होंने कहा कि देवभूमि उत्तराखण्ड में चिकित्सक कठिन भौगोलिक परिस्थितियों के बीच भी जनसेवा कर रहे हैं और पर्वतीय क्षेत्रों में स्वास्थ्य व्यवस्था की मजबूती के महत्वपूर्ण आधार हैं। उन्होंने कोरोना महामारी के दौरान चिकित्सकों, नर्सिंग स्टाफ, पैरामेडिकल कर्मियों और समस्त स्वास्थ्य योद्धाओं के योगदान को याद करते हुए कहा कि संकट के उस दौर में स्वास्थ्य कर्मियों ने अपने कर्तव्य को सर्वोच्च प्राथमिकता दी। अनेक चिकित्सकों ने मानव जीवन की रक्षा के लिए अपने प्राणों का बलिदान तक दिया, उनका त्याग सदैव प्रेरणादायी रहेगा।

मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में देश और प्रदेश में स्वास्थ्य सेवाओं का लगातार विस्तार किया जा रहा है। उत्तराखण्ड में आयुष्मान भारत योजना के माध्यम से लाखों जरूरतमंद परिवारों को कैशलेस उपचार की सुविधा मिल रही है। प्रदेश में अब तक 62 लाख से ज्यादा आयुष्मान कार्ड बनाए जा चुके हैं और लगभग 12 लाख से ज्यादा मरीजों को 2300 करोड़ से ज्यादा का निःशुल्क उपचार उपलब्ध कराया गया है। उन्होंने कहा कि राज्य में स्वास्थ्य ढांचे को मजबूत करने के लिए मेडिकल कॉलेजों, नर्सिंग संस्थानों और आधुनिक स्वास्थ्य सुविधाओं का विस्तार किया जा रहा है। वर्तमान में प्रदेश में पांच मेडिकल कॉलेज संचालित हैं जबकि दो मेडिकल कॉलेज निर्माणाधीन हैं। इसके साथ ही नर्सिंग शिक्षा को भी मजबूत किया जा रहा है।

मुख्यमंत्री ने बताया कि देहरादून, हल्द्वानी और श्रीनगर मेडिकल कॉलेजों में सुपर स्पेशियलिटी सेवाओं को बढ़ाया जा रहा है। हल्द्वानी में आधुनिक कैंसर संस्थान का निर्माण प्रगति पर है। जिला अस्पतालों और सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों को आधुनिक सुविधाओं से लैस किया जा रहा है। किच्छा में एम्स के सेटेलाइट सेंटर का निर्माण भी अंतिम चरण में है। उन्होंने कहा कि पर्वतीय क्षेत्रों में बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं पहुंचाने के लिए टेलीमेडिसिन सेवाओं का विस्तार किया गया है। इसके साथ ही आपातकालीन परिस्थितियों में हेली एंबुलेंस सेवा भी लोगों के लिए जीवनरक्षक साबित हो रही है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार चिकित्सकों, नर्सिंग अधिकारियों और स्वास्थ्य कर्मियों की नियुक्तियों पर विशेष ध्यान दे रही है। उन्होंने स्पष्ट किया कि चिकित्सकों की सुरक्षा, सम्मान और उनके बेहतर कार्य वातावरण को सुनिश्चित करना राज्य सरकार की प्राथमिकता है। किसी भी चिकित्सक के साथ हिंसा या अभद्र व्यवहार को स्वीकार नहीं किया जाएगा। उन्होंने कहा कि आधुनिक तकनीक जैसे डिजिटल हेल्थ, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस और टेलीमेडिसिन स्वास्थ्य सेवाओं में नए अवसर लेकर आई हैं, लेकिन स्वास्थ्य व्यवस्था की सबसे बड़ी ताकत समर्पित मानव संसाधन ही है। मरीज के लिए चिकित्सक उपचार के साथ विश्वास और संवेदना का प्रतीक होता है। मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार, चिकित्सा संस्थानों, इंडियन मेडिकल एसोसिएशन और समाज के सामूहिक प्रयासों से उत्तराखण्ड की स्वास्थ्य व्यवस्था को और अधिक मजबूत बनाया जा सकता है। उन्होंने कहा कि दुर्गम क्षेत्रों में सेवा दे रहे चिकित्सकों का योगदान विशेष रूप से सराहनीय है।

Tags :

#breking news

विज्ञापन

Advertisement
Advertisement

विज्ञापन

Advertisement

जरूरी खबरें

विज्ञापन

Advertisement
Advertisement

विज्ञापन

Advertisement

विज्ञापन

Advertisement

विज्ञापन

Advertisement

विज्ञापन

Advertisement

Related Posts