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मोदी सरकार का बड़ा कदम, लॉन्च होने वाला है देश का पहला इकोनॉमिक बैरोमीटर; अर्थव्यवस्था को मिलेगी रफ्तार

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ABN NEWS :- देश दुनिया : मोदी सरकार का बड़ा कदम, लॉन्च होने वाला है देश का पहला इकोनॉमिक बैरोमीटर; अर्थव्यवस्था को मिलेगी रफ्तार

Abhyuday Bharat News / Sun, Jul 12, 2026 / Post views : 4

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भारत सरकार 14 जुलाई को हाई-फ्रीक्वेंसी इकोनामिक बैरोमीटर (High-Frequency Economic Barometer) लॉन्च करने जा रही है। उद्योग एवं व्यापार जगत ने इस पहल का जोरदार स्वागत करते हुए इसे देश की आर्थिक नीति को अधिक आधुनिक, डेटा-आधारित और त्वरित बनाने की दिशा में बड़ा कदम बताया है। विशेषज्ञों का मानना है कि यह प्रणाली सरकार को वास्तविक समय (Real-Time) में अर्थव्यवस्था की स्थिति का आकलन करने और समय रहते नीतिगत फैसले लेने में मदद करेगी।

प्रमुख अर्थव्यवस्थाओं की श्रेणी में भारत

हाई-फ्रीक्वेंसी आर्थिक संकेतकों का उपयोग अमेरिका, चीन, ब्रिटेन, जापान और कनाडा जैसे विकसित देशों में पहले से किया जा रहा है। अंतरराष्ट्रीय मुद्रा कोष (IMF) और विश्व बैंक भी सदस्य देशों को आर्थिक गतिविधियों, मुद्रास्फीति, व्यापार और विकास की निगरानी के लिए ऐसे आधुनिक डेटा-आधारित संकेतकों के इस्तेमाल को बढ़ावा देते हैं। इस पहल के साथ भारत भी वैश्विक स्तर पर आधुनिक आर्थिक निगरानी प्रणाली अपनाने वाले देशों की श्रेणी में शामिल होगा।

CAT: छोटे व्यापारियों और MSME को मिलेगा सीधा लाभ

कन्फेडरेशन ऑफ ऑल इंडिया ट्रेडर्स (CAT) के राष्ट्रीय महामंत्री एवं चांदनी चौक से सांसद प्रवीन खंडेलवाल ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में डिजिटल इंडिया, जीएसटी और यूपीआई जैसी पहलों के बाद यह बैरोमीटर आर्थिक प्रशासन में अगला बड़ा बदलाव साबित होगा।

एक्ज़िक्यूटिवब्रांच

उन्होंने बताया कि यह प्रणाली जीएसटी संग्रह, यूपीआई लेनदेन, ई-वे बिल, माल ढुलाई, बिजली खपत, बैंकिंग गतिविधियों और डिजिटल कॉमर्स जैसे प्रमुख संकेतकों के आधार पर अर्थव्यवस्था की रियल-टाइम तस्वीर पेश करेगी। इससे सरकार को आर्थिक चुनौतियों की समय रहते पहचान कर प्रभावी नीतिगत निर्णय लेने में मदद मिलेगी।

निवेश, व्यापार और नीति निर्माण को मिलेगी मजबूती

खंडेलवाल के अनुसार, इस पहल से छोटे व्यापारियों, खुदरा कारोबारियों, एमएसएमई और उद्यमियों को बाजार की मांग, उपभोक्ता व्यवहार और आर्थिक रुझानों की समय पर जानकारी मिलेगी, जिससे कारोबारी निर्णय अधिक सटीक होंगे। उन्होंने कहा कि वैश्विक आर्थिक अनिश्चितता, महंगाई और सप्लाई चेन में व्यवधान जैसे हालात में यह बैरोमीटर एक प्रभावी अर्ली वार्निंग सिस्टम के रूप में काम करेगा।

CAT के साथ-साथ FICCI, ASSOCHAM और अन्य उद्योग संगठनों ने भी इस पहल का स्वागत करते हुए इसे निवेश बढ़ाने, नीति निर्माण को मजबूत करने और ‘विकसित भारत’ के लक्ष्य को गति देने वाला महत्वपूर्ण कदम बताया है।

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