Wed, 10 Jun 2026
Logo

ब्रेकिंग

बिजली की मांग को लेकर 48 गांवों के 500 ग्रामीणों ने खून से लिखा PM मोदी को पत्र, कहा...

TMC का कांग्रेस में विलय? सोनिया गांधी का ममता को राष्ट्रीय उपाध्यक्ष का ऑफर, अभिषेक बनर्जी को पार्टी महासचिव

जवाहर लाल नेहरू का रिकॉर्ड तोड़ने के बाद पीएम मोदी की पहली प्रतिक्रिया आई, बोले- ‘सबसे बड़ी कसौटी…

ईरान का ‘मिशन बदलापुर’: अमेरिका के हमले के बाद पूरे खाड़ी में मचाया कोहराम, कतर से लेकर जॉर्डन तक अमेरिकी बेस पर किया हम

Alpha का धमाकेदार टीजर रिलीज, सबसे अलग किरदार में दिखेगी Alia Bhatt …

बांके बिहारी मंदिर में बड़ा हादसा: जर्जर मकान का छज्जा गिरा, सात श्रद्धालु घायल

एल्विश यादव ने ‘कॉकरोच जनता पार्टी’ के जवाब में बनाई ‘खरगोश जनता पार्टी’, बोले- बहस नहीं, पेस्ट कंट्रोल जरूरी

मार्क जकरबर्ग का बड़ा धमाकाः Meta भारत में खेलेगा पहला AI Data Center, रिलायंस इंडस्ट्रीज से मिलाया हाथ

चीन ने मरोड़ दी जापान की गर्दन, नहीं मानी अमेरिका की बात, भारत पर भी संकट?

12 साल में मोदी सरकार के 12 बड़े फैसले, जिसने बदल दी देश की राजनीति

सूचना

: कोलकाता रेप मर्डर केस के विरोध में अंबेडकर के साथ अब AIIMS डाक्टरों ने भी किया हड़ताल, ओपीडी बंद

Admin / Fri, Aug 16, 2024 / Post views : 242

Share:
ABN EXPRESS NEWS 24x7

कोलकाता के आरजी कर मेडिकल कॉलेज में जूनियर महिला डॉक्टर के साथ सामूहिक दुष्कर्म और हत्या की घटना के विरोध में रायपुर के मेडिकल कॉलेज के जूनियर डॉक्टरों की हड़ताल आज भी जारी रहेगी। इसके अतिरिक्त, एम्स के डॉक्टरों ने भी ओपीडी बंद कर विरोध प्रदर्शन किया।

इससे पहले बंगाल में हुई घटना के विरोध में बुधवार को मेडिकल कालेज के जूनियर डाक्टरों ने हड़ताल किया। हड़ताल के कारण आंबेडकर अस्पताल की ओपीडी सेवाएं बंद रही। जूनियर डाक्टरों ने आपातकालीन स्वास्थ्य सेवाओं को बाधित नहीं होने दिया। आपातकालीन में डाक्टरों ने इलाज किया। महिला चिकित्सा डाक्टर ने कोलकाता में हुई घटना को नुक्कड़ नाटक के माध्यम दिखाया। आंबेडकर अस्पताल में लगभग 300 जूनियर डॉक्टर हड़ताल में शामिल हुए। जूनियर डॉक्‍टरों ने की सुरक्षा की मांग जुडो के पूर्व अध्यक्ष डा. प्रेम चौधरी ने कहा पिछले कुछ दिनों में मेडिकल कालेजों के डॉक्टरों के खिलाफ हिंसा की घटनाएं सामने आई हैं। कॉलेज और अस्पताल परिसर में फैकल्टी, मेडिकल छात्रों और रेजिडेंट डॉक्टरों सहित सभी कर्मचारियों के लिए काम का सुरक्षित माहौल बने। ओपीडी, वार्ड, कैजुअल्टी, हास्टल और आवासीय परिसर में सुरक्षा के इंतजाम किए जाए। मे डिकल छात्रों के खिलाफ हिंसा की किसी भी घटना की कालेज प्रबंधन द्वारा तुरंत जांच होनी चाहिए। पुलिस में एफआईआर दर्ज कराई जानी चाहिए। हिंसा की किसी भी घटना पर एक विस्तृत कार्रवाई रिपोर्ट बनाकर 48 घंटे के भीतर राष्ट्रीय चिकित्सा आयोग (एनएमसी) को भेजी जानी चाहिए। डॉक्टरों ने शाम को कैंडल मार्च भी निकाला। घटना के बाद से डॉक्टर लगातार विरोध कर रहे हैं। मंगलवार को काली पट्टी बांधकर डॉक्टरों ने मरीजों का इलाज किया था।

स्वास्थ्य कर्मचारी संघ ने किया समर्थन

छत्तीसगढ़ प्रदेश स्वास्थ्य कर्मचारी संघ ने जूनियर डॉक्टरों की हड़ताल का समर्थन किया है। संघ के जिला अध्यक्ष एसएस सोनी ने कहा कि संघ बंगाल में जूनियर डाक्टर के साथ हुई घटना की घोर निंदा करता है। दोषियों को कठोर सजा दी जाए।भविष्य में ऐसी घटना दोबारा न हो इसके लिए कठोर कानून बनाया जाए।

Tags :

विज्ञापन

Advertisement
Advertisement

विज्ञापन

Advertisement

जरूरी खबरें

विज्ञापन

Advertisement
Advertisement

विज्ञापन

Advertisement

विज्ञापन

Advertisement

विज्ञापन

Advertisement

विज्ञापन

Advertisement

Related Posts